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बद्दी ! एशिया के सबसे बडे औद्योगिक हब बददी बरोटीवाला नालागढ़ में लगातार कोरोना के बढते मामलों के बाद आई अस्पतालों की कमी के बाद अब निजी क्षेत्र में कोविड केयर सैंटर तैयार किया गया है। इस कोविड केयर सैंटर में बीबीएन में तमाम उद्योगों में कोई संक्रमित आता है तो उसका इलाज किया जाएगा। यह भारत का पहला कोविड केयर सैंटर कहा जा रहा है कि निजी क्षेत्र में एक इंडस्ट्रियल एसोएिशन हिमाचल ड्रग मैनुफैक्चरिंग एसोसिएशन (एचडीएमए) द्वारा बददी के निकट झाडमाजरी में स्थापित किया गया है। हिमाचल ड्रग मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (एचडीएमए) ने भारत में पहली बार अपने दम पर क्वारंटाइन सेंटर स्थापित किया है। यह सेंटर अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। इसमें 125 से अधिक बिस्तर लगाए गए हैं। यह सेंटर बददी के ईपीआईपी झाडमाजरी में स्थापित किया गया है। एसोसिएशन ने यह सेंटर जिला सोलन के डीसी केसी चमन, एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा और एसपी बददी रोहित मालपानी के मार्ग दर्शन में तैयार किया है। अभी हाल ही में ही एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा और एसपी बददी रोहित मालपानी इस सेंटर का दौरा करके भी लौटे हैं। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का दावा है कि इसे जल्द ही 200 बिस्तर का बनाया जाएगा। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि यह सेंटर संभवत: अगले सप्ताह से चालू कर दिया जाएगा। पदाधिकारियों ने कहा कि उद्योगों में कार्यरत सभी कर्मचारियों, कामगारों की सुरक्षा और स्वास्थ्य का ख्याल रखना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। एसोसिएशन के अध्यक्ष डा. राजेश गुप्ता, महासचिव मुनीष ठाकुर, कोषाध्यक्ष संजय शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष आर.बी गुप्ता, उपाध्यक्ष राजेश बंसल, हरीश गोयल, सुमित सिंगला, अश्विनी सिंगला, विवेक कुमार, मनोज अग्रवाल और धर्मेन्द्र गुलाटी ने कहा कि सभी पदाधिकारियों के सहयोग और प्रेरणा से इस सेंटर को बनाया गया है। क्या होगा फायदा- वर्तमान में जब किसी भी उद्योग में काम करते हुए किसी कामगार में कोरोना पाया जाता है तो संबधित कर्मचारी को तुरंत कोविड केयर सैंटर में शिफट किया जाता है। लेकिन जो भी लोग उसके संपर्क में आते हैं तो उनको एहतियात के तौर पर टैस्ट करवाने के लिए आईसोलेशन में रखने के लिए अब उपमंडल प्रशासन के पास कोई स्थान नहीं बचा था और वेटिंग चल रहा था। जिला प्रशासन से सभी उद्योग संगठनों से आग्रह किया था कि वी भविष्य की जरुरतो को देखते हुए और कभी कोई कोरोना संक्रमण का विस्फोट हो तो उसके लिए इसको बनाने का आहवान किया था। शेयरिंग बेसिस पर चलेगा-डा राजेश… दवा निर्माता संघ के प्रदेशाध्यक्ष राजेश गुप्ता ने कहा कि एसेासिएशन ने दिन रात मेहतन करके इसको बनाया है । इसमें कोई भी कंपनी संबधित अंश दान देकर बैड ले सकती है। अगर जरुरत पडी तो एसोसिएशन और स्थानों पर भी ऐसे कोविड केयर सैंटर बनाने को तैयार है।
बद्दी ! एशिया के सबसे बडे औद्योगिक हब बददी बरोटीवाला नालागढ़ में लगातार कोरोना के बढते मामलों के बाद आई अस्पतालों की कमी के बाद अब निजी क्षेत्र में कोविड केयर सैंटर तैयार किया गया है। इस कोविड केयर सैंटर में बीबीएन में तमाम उद्योगों में कोई संक्रमित आता है तो उसका इलाज किया जाएगा। यह भारत का पहला कोविड केयर सैंटर कहा जा रहा है कि निजी क्षेत्र में एक इंडस्ट्रियल एसोएिशन हिमाचल ड्रग मैनुफैक्चरिंग एसोसिएशन (एचडीएमए) द्वारा बददी के निकट झाडमाजरी में स्थापित किया गया है। हिमाचल ड्रग मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (एचडीएमए) ने भारत में पहली बार अपने दम पर क्वारंटाइन सेंटर स्थापित किया है। यह सेंटर अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। इसमें 125 से अधिक बिस्तर लगाए गए हैं। यह सेंटर बददी के ईपीआईपी झाडमाजरी में स्थापित किया गया है। एसोसिएशन ने यह सेंटर जिला सोलन के डीसी केसी चमन, एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा और एसपी बददी रोहित मालपानी के मार्ग दर्शन में तैयार किया है।
अभी हाल ही में ही एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा और एसपी बददी रोहित मालपानी इस सेंटर का दौरा करके भी लौटे हैं। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का दावा है कि इसे जल्द ही 200 बिस्तर का बनाया जाएगा। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि यह सेंटर संभवत: अगले सप्ताह से चालू कर दिया जाएगा। पदाधिकारियों ने कहा कि उद्योगों में कार्यरत सभी कर्मचारियों, कामगारों की सुरक्षा और स्वास्थ्य का ख्याल रखना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। एसोसिएशन के अध्यक्ष डा. राजेश गुप्ता, महासचिव मुनीष ठाकुर, कोषाध्यक्ष संजय शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष आर.बी गुप्ता, उपाध्यक्ष राजेश बंसल, हरीश गोयल, सुमित सिंगला, अश्विनी सिंगला, विवेक कुमार, मनोज अग्रवाल और धर्मेन्द्र गुलाटी ने कहा कि सभी पदाधिकारियों के सहयोग और प्रेरणा से इस सेंटर को बनाया गया है।
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वर्तमान में जब किसी भी उद्योग में काम करते हुए किसी कामगार में कोरोना पाया जाता है तो संबधित कर्मचारी को तुरंत कोविड केयर सैंटर में शिफट किया जाता है। लेकिन जो भी लोग उसके संपर्क में आते हैं तो उनको एहतियात के तौर पर टैस्ट करवाने के लिए आईसोलेशन में रखने के लिए अब उपमंडल प्रशासन के पास कोई स्थान नहीं बचा था और वेटिंग चल रहा था। जिला प्रशासन से सभी उद्योग संगठनों से आग्रह किया था कि वी भविष्य की जरुरतो को देखते हुए और कभी कोई कोरोना संक्रमण का विस्फोट हो तो उसके लिए इसको बनाने का आहवान किया था।
दवा निर्माता संघ के प्रदेशाध्यक्ष राजेश गुप्ता ने कहा कि एसेासिएशन ने दिन रात मेहतन करके इसको बनाया है । इसमें कोई भी कंपनी संबधित अंश दान देकर बैड ले सकती है। अगर जरुरत पडी तो एसोसिएशन और स्थानों पर भी ऐसे कोविड केयर सैंटर बनाने को तैयार है।
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