- विज्ञापन (Article Top Ad) -
हमीरपुर , 01 फरवरी [ विशाल सूद ] ! आज संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती के अवसर पर राजिंदर राणा जी मुख्य अतिथि के रूप में शिरकित की व भाजपा नेतोओ नें सुवागत किया जिसमे जिला भाजपा द्वारा श्रद्धा एवं सम्मान के साथ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।कार्यक्रम स्थल बैठक पर पोहचने पर हमीरपुर विधायक आशीष शर्मा, जिला महामंत्री अजय रिंटू मिडियाप्रभारी विक्रमजीत बनियाल हमीरपुर शहरी अध्यक्ष श्रीपाल सिंह महामंत्री राजेश ठाकुर sc मोर्चा शहरी अध्यक्ष सतीश कुमार नें सुवागत किया इस अवसर पर गुरु रविदास जी के विचारों और सामाजिक समरसता के संदेश को चित्र पर पुष्प अर्पित कर स्मरण किया गया। कार्यक्रम में राजिंदर राणा ने कहा कि गुरु रविदास जी ने अपने जीवन और वाणी के माध्यम से समानता, भाईचारे, प्रेम और मानवता का संदेश दिया। उन्होंने जाति-भेद और सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध आवाज़ उठाकर समाज को एक नई दिशा दी। उनका “बेगमपुरा” का स्वप्न आज भी सामाजिक न्याय और समरस समाज की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर भजन-कीर्तन, विचार गोष्ठी एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। उपस्थित लोगों ने गुरु रविदास जी के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।कार्यक्रम के अंत में समाज में शांति, सद्भाव और समानता बनाए रखने की अपील की गई।
हमीरपुर , 01 फरवरी [ विशाल सूद ] ! आज संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती के अवसर पर राजिंदर राणा जी मुख्य अतिथि के रूप में शिरकित की व भाजपा नेतोओ नें सुवागत किया जिसमे जिला भाजपा द्वारा श्रद्धा एवं सम्मान के साथ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।कार्यक्रम स्थल बैठक पर पोहचने पर हमीरपुर विधायक आशीष शर्मा, जिला महामंत्री अजय रिंटू मिडियाप्रभारी विक्रमजीत बनियाल हमीरपुर शहरी अध्यक्ष श्रीपाल सिंह महामंत्री राजेश ठाकुर sc मोर्चा शहरी अध्यक्ष सतीश कुमार नें सुवागत किया इस अवसर पर गुरु रविदास जी के विचारों और सामाजिक समरसता के संदेश को चित्र पर पुष्प अर्पित कर स्मरण किया गया।
कार्यक्रम में राजिंदर राणा ने कहा कि गुरु रविदास जी ने अपने जीवन और वाणी के माध्यम से समानता, भाईचारे, प्रेम और मानवता का संदेश दिया। उन्होंने जाति-भेद और सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध आवाज़ उठाकर समाज को एक नई दिशा दी। उनका “बेगमपुरा” का स्वप्न आज भी सामाजिक न्याय और समरस समाज की प्रेरणा देता है।
- विज्ञापन (Article Inline Ad) -
इस अवसर पर भजन-कीर्तन, विचार गोष्ठी एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। उपस्थित लोगों ने गुरु रविदास जी के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के अंत में समाज में शांति, सद्भाव और समानता बनाए रखने की अपील की गई।
- विज्ञापन (Article Bottom Ad) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 1) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 2) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 3) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 4) -