- विज्ञापन (Article Top Ad) -
चम्बा , 12 मार्च [ शिवानी ] ! जिले में मूसलाधार बारिश के बाद पर्यटक स्थल डलहौजी, खजियार, जोत, चुराह और जनजातीय क्षेत्र भरमौर और पांगी घाटी में ताजा बर्फबारी होने से तापमान में भले ही गिरावट देखने को मिली है तो वहीं साधारण ग्रामीण लोगों का जीवन अस्त व्यस्त हो गया है। बताते चले कि पिछले दो दिनों से समूचे चम्बा जिले में रुक रुक कर बारिश का दौर चल रहा था तो वहीं देर रात जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्र डलहौजी, खजियार, जोत, चुराह और जनजातीय क्षेत्र भरमौर और पांगी घाटी में ताजा बर्फबारी होने से तापमान में भरी गिरावट देखने को मिली है। चम्बा से जोत चुवाडी मार्ग, चंबा से भांदल लंगेरा, चंबा से तीसा,मार्ग इस बारिश और बर्फबारी के चलते बंद हो चुके है, वहीं बस के चालकों ने सड़कों पर ज्यादा फिसलन को देखते ही अपनी अपनी बसों को वहीं खड़े कर दिया है ताकि कोई अनहोनी घटना न हो। बता दे कि पृथक स्थल डलहौजी, कालाटॉप, लकड़मंडी, में करीब करीब आधा फुट से लेकर एक फुट तक बर्फबारी होने के समाचार मिल रहे है, जबकि चुराह घाटी, जनजातीय क्षेत्र भरमौर, होली और पांगी घाटी की ऊंची पहाड़ियों पर एक से डेढ़ फुट बर्फबारी हो चुकी है। इस बर्फबारी के चलते तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई है। वहीं किसान और बागवान इस बर्फबारी से बेहद खुश है। इन लोगों का कहना है कि इस बारिश और बर्फबारी से आने वाले समय में न केवल पानी की समस्या से निजात मिलेगा अपितु खेतीबाड़ी के साथ सेब के बागवानों को भी अच्छी फसल होने की संभावना बढ़ गई है।
चम्बा , 12 मार्च [ शिवानी ] ! जिले में मूसलाधार बारिश के बाद पर्यटक स्थल डलहौजी, खजियार, जोत, चुराह और जनजातीय क्षेत्र भरमौर और पांगी घाटी में ताजा बर्फबारी होने से तापमान में भले ही गिरावट देखने को मिली है तो वहीं साधारण ग्रामीण लोगों का जीवन अस्त व्यस्त हो गया है।
बताते चले कि पिछले दो दिनों से समूचे चम्बा जिले में रुक रुक कर बारिश का दौर चल रहा था तो वहीं देर रात जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्र डलहौजी, खजियार, जोत, चुराह और जनजातीय क्षेत्र भरमौर और पांगी घाटी में ताजा बर्फबारी होने से तापमान में भरी गिरावट देखने को मिली है।
- विज्ञापन (Article Inline Ad) -
चम्बा से जोत चुवाडी मार्ग, चंबा से भांदल लंगेरा, चंबा से तीसा,मार्ग इस बारिश और बर्फबारी के चलते बंद हो चुके है, वहीं बस के चालकों ने सड़कों पर ज्यादा फिसलन को देखते ही अपनी अपनी बसों को वहीं खड़े कर दिया है ताकि कोई अनहोनी घटना न हो।
बता दे कि पृथक स्थल डलहौजी, कालाटॉप, लकड़मंडी, में करीब करीब आधा फुट से लेकर एक फुट तक बर्फबारी होने के समाचार मिल रहे है, जबकि चुराह घाटी, जनजातीय क्षेत्र भरमौर, होली और पांगी घाटी की ऊंची पहाड़ियों पर एक से डेढ़ फुट बर्फबारी हो चुकी है। इस बर्फबारी के चलते तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई है।
वहीं किसान और बागवान इस बर्फबारी से बेहद खुश है। इन लोगों का कहना है कि इस बारिश और बर्फबारी से आने वाले समय में न केवल पानी की समस्या से निजात मिलेगा अपितु खेतीबाड़ी के साथ सेब के बागवानों को भी अच्छी फसल होने की संभावना बढ़ गई है।
- विज्ञापन (Article Bottom Ad) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 1) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 2) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 3) -
- विज्ञापन (Sidebar Ad 4) -